Shodash sanskars in hindu dharma

Sanskaars 1. Grabhaadhan: Conception 2. Punsavana: Fetus protection 3. Simanta: Satisfying wishes of the pregnant Mother 4. Jaat-Karmaa: Child Birth 5. Naamkarma: Naming Child 6. Nishkramana: Taking the child outdoors 7. Annaprashana: Giving the child solid food. 8. Mundan : Hair cutting. 9. Karnavedh: Ear piercing 10. Yagyopaveet: Sacred thread 11. Vedarambh: Study of Vedas…

विवाह के लिए कुंडली में महत्वपूर्ण ग्रहों का आंकलन

हमारे शास्त्रों में 16 संस्कार बताये गये हैं जिनमें विवाह सबसे महत्वपूर्ण संस्कार है। हमारे समाज में जीवन को सुचारू रूप से चलाने एवं वंश को आगे बढ़ाने के लिए विवाह करना आवश्यक माना गया है। जब हम कुंडली में विवाह का विचार करते हैं तो उसके लिए नौ ग्रहों में सबसे महत्वपूर्ण ग्रह गुरु,…

अष्टम भावस्थ शनि का विवाह पर प्रभाव

प्राचीन ज्योतिषाचार्यों ने एकमत से जातक की कुंडली के सप्तम भाव को विवाह का निर्णायक भाव माना है और इसे जाया भाव, भार्या भाव, प्रेमिका भाव, सहयोगी, साझेदारी भाव स्वीकारा है। अतः अष्टम भावस्थ शनि विवाह को क्यों और कैसे प्रभावित करता है यह विचारणीय हो जाता है क्योंकि अष्टम भाव सप्तम भाव का द्वितीय…

Difference between calendar and panchang

In modern Gregorian calendar there is a leap year after a regular interval of four years. After 100 years this leap year doesn’t come and after 400 years it comes again. In this way a year is of 365.2425 days which is very close to 365.2422 days of Sayan year and only after 3000 years…